Muharram 2024:  पूर्व विधायक के पिता ने डाली एक बेहद खास रस्म की नींव, आज भी मोहर्रम पर हिंदू परिवार उठाता है ताजिया

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

प्रयागराज, अमृत विचार। मजहब वहां मायने नहीं रखता जहां आपसी भाईचारा और गंगा-जमुनी तहजीब जिंदा हो। ऐसी ही कौमी एकता का मिसाल बना है प्रयागराज का फूलपुर इलाका। जहां आज भी हिंदू परिवार मोहर्रम पर ताजिये को कन्धा देता है। फूलपुर में मोहर्रम के दिन महुआ कोठी बाजार में एक हिंदू परिवार पिछले सवा सौ सालों से मोहर्रम का ताजिया उठाता है। इस हिंदू परिवार के ताजिया को कंधा देता देखने के लिए बड़ी संख्या में भीड़ जुटती है। 

सोरांव के पूर्व विधायक जंग बहादुर सिंह पटेल उतरांव थाना क्षेत्र के याकूबपुर गांव के रहने वाले थे। उनके पिता प्रताप बहादुर सिंह पटेल ने लगभग सवा सौ साल पहले हिंदू-मुस्लिम एकता की तहजीब को बनाए रखने के लिए मोहर्रम के त्योहार पर ताजिया बनाकर उठाने की परंपरा को शुरू किया था। यह परंपरा उनकी मौत के बाद आज भी निभाई जा रही है। पूर्व विधायक जंग बहादुर सिंह पटेल की मौत के बाद इस परंपरा को उनके इकलौते बेटे पूर्व लोकसभा प्रत्याशी प्रमोद सिंह पटेल ने लगातार जारी रखा है।

प्रमोद सिंह का ताजिया लगभग एक पखवाड़ा पहले से महुआ कोठी बाजार स्थित उनके विद्यालय में बनाया जा रहा है। मोहर्रम के एक दिन पहले से पूरे रीति-रिवाज के साथ प्रमोद सिंह पटेल का ताजिया याकूबपुर गांव से निकलता है। उनका ताजिया महुआ कोठी बाजार में आकर जब अन्य गावों से आये ताजियों से मिलता है तो वहां एक अलग ही माहौल दिखाई पड़ता है।  

ये भी पढ़ें -यूजीसी ने भारतीय भाषाओं में 22,000 पुस्तकें तैयार करने के लिए शुरू की परियोजना

संबंधित समाचार