Ayodhya News: CM योगी ने आस्था-विश्वास की धारा में SIT जांच पर बढ़ाया भरोसा, कहा- कोई आरोपी बख्शा नहीं जाएगा
अयोध्या, अमृत विचार : राम मंदिर में चढ़ावे में गबन व वित्तीय अनियमितता के मामले को लेकर अयोध्या धाम ही नहीं देश-विदेश और सामाजिक, राजनीतिक पटल पर छाया अविश्वास का कुंहासा शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कड़े तेवरों की तपिश से बहुत हद तक छंट गया। मां कामाख्या धाम के आंगन में आयोजित जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि 500 वर्ष प्रतीक्षा की बस 15 दिन और, जो भी दोषी होगा कार्रवाई होगी, एसआईटी जांच गंभीरता से कर रही है।
राममंदिर में चढ़ावे में गबन के आरोपों पर एसआईटी जांच के आदेश देने के बाद मुख्यमंत्री शुक्रवार को पहली बार अयोध्या पहुंचे थे। उन्होंने विकास के प्रति सरकार का संकल्प तो दोहराया ही विपक्षी दलों खास कर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को भी सीधा और साफ संदेश दिया। उन्होंने तंज कसा आज वो बोल रहे हैं उनके लिए रामलला श्रद्धा के पात्र हो गए, जिन्होंने कभी कारसेवकों पर गोली चलवाई थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जब राम मंदिर में उपजे विवाद को लेकर बोल रहे थे तो उनके चेहरे पर राम मंदिर आंदोलन के दौरान किए गए समर्पण की चमक भी तपिश में चमक रही थी।
उन्होंने साफ किया कि आराध्य में आस्था रखने वाले श्रद्धालुओं को विश्वास दिलाते हैं कि कोई भी आरोपी बख्शा नहीं जायेगा। इसे इस दृष्टिकोण से भी देखा जा सकता है कि रामलला का दर्शन पूजन के दौरान श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय को पहले ही दूर कर दिया गया था, साथ विवादों के घेरे में रहे सदस्य डॉ. अनिल मिश्र व विशेष आमंत्रित सदस्य गोपाल जी राव को मौखिक रूप से दूर रहने का निर्देश दिया गया। मानों मुख्यमंत्री स्वयं यह चाहते थे कि विवाद से जुड़ा कोई भी व्यक्ति अथवा पदाधिकारी उनके आसपास न हो।
सीएम के संबोधन से आरोपियों की बढ़ी धड़कन
रुदौली में मुख्यमंत्री के संबोधन से राम मंदिर चढ़ावे में घपला करने वाले आरोपियों की दिल की धड़कन बढ़ गई है। वहीं, इससे अयोध्यावासी ही नहीं श्रद्धालुओं का भी भरोसा बढ़ा है। यही नहीं अभी तक एसआईटी जांच पर प्रश्न चिह्न करने वालों के मुंह पर तमाचा भी पड़ा है। अयोध्या के रायगंज निवासी अवधेश पांडेय कहते हैं कि श्रीराम, बजरंग बली व अयोध्या से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अनुराग जग जाहिर है।
अकसर अयोध्या आते हैं, पहले दर्शन पूजन फिर रामकाज करते हैं। हमें पूरी उम्मीद थी कि यदि आरोप सत्य है तो वह उनके प्रकोप से बच नहीं सकता। आज उनके वक्तव्य ने एसआईटी जांच में लोगों का भरोसा बढ़ा दिया है। वहीं, व्यापारी पं. राम प्रसाद पांडेय कहते हैं कि बाबा ने कहा है तो सत्य सामने आएगा व कोई आरोपी नहीं बचेगा।
