Bareilly News: 14 साल की सेवा के बाद अनुदेशकों ने उठाई 11 मांगें, विधायक को सौंपा ज्ञापन
बरेली में परिषदीय अनुदेशक कल्याण संगठन ने नियमितीकरण, 12 माह का मानदेय, स्थानांतरण, अवकाश और 62 वर्ष की सेवानिवृत्ति आयु समेत 11 मांगों को लेकर विधायक राघवेंद्र शर्मा को ज्ञापन दिया।
बरेली: परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत अनुदेशकों की लंबित मांगों को लेकर परिषदीय अनुदेशक कल्याण संगठन, बरेली ने आवाज उठाई है। संगठन के जिला अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह और जिला महामंत्री डॉ. पंकज कुमार ने बिथरी चैनपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक राघवेंद्र शर्मा को 11 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा।
संगठन ने कहा कि अनुदेशक पिछले करीब 14 वर्षों से परिषदीय विद्यालयों में निष्ठा और समर्पण के साथ अपनी सेवाएं दे रहे हैं। ऐसे में उनकी लंबित एवं न्यायोचित मांगों का स्थायी समाधान किया जाना जरूरी है।
नियमितीकरण से लेकर 12 माह के मानदेय की मांग
ज्ञापन में संगठन ने सुप्रीम कोर्ट के 4 फरवरी 2026 के आदेश का हवाला देते हुए अनुदेशक पद का सृजन कर सभी अनुदेशकों को नियमित करने की मांग की। इसके साथ ही देय बकाया एरियर का भुगतान और वार्षिक नवीनीकरण व बांड व्यवस्था खत्म कर स्थायी व्यवस्था लागू करने की मांग भी रखी गई।
अनुदेशकों ने 12 माह का मानदेय/वेतन दिए जाने की मांग भी उठाई है।
स्थानांतरण और अवकाश व्यवस्था में बदलाव की मांग
संगठन ने महिला और पुरुष अनुदेशकों को पारिवारिक परिस्थितियों के अनुसार विद्यालय में समायोजन और स्थानांतरण का लाभ देने की मांग की। महिला अनुदेशकों के लिए सीसीएल और मिसकैरेज अवकाश तथा सभी अनुदेशकों के लिए 14 दिन का आकस्मिक अवकाश, अर्जित अवकाश और मेडिकल अवकाश की व्यवस्था लागू करने की मांग की गई।
स्थानांतरण नीति में 100 या उससे अधिक छात्र संख्या वाले विद्यालयों को भी विकल्प में शामिल करने और स्थानांतरण प्रक्रिया को ऑफलाइन, पारदर्शी, निष्पक्ष एवं न्यायसंगत बनाने की मांग रखी गई।
62 वर्ष की सेवानिवृत्ति आयु की मांग
अनुदेशक संगठन ने सभी अनुदेशकों की सेवानिवृत्ति आयु 62 वर्ष निर्धारित करने की मांग भी ज्ञापन में शामिल की है।
विधायक राघवेंद्र शर्मा ने संगठन के पदाधिकारियों से उनकी समस्याओं और मांगों को गंभीरता से सुना तथा इनके समाधान के लिए सकारात्मक आश्वासन दिया।
संगठन के जिला अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह और जिला महामंत्री डॉ. पंकज कुमार ने विधायक का आभार जताते हुए उम्मीद व्यक्त की कि वे अनुदेशकों की मांगों को शासन और संबंधित विभाग के समक्ष प्रमुखता से उठाएंगे।
परिषदीय अनुदेशकों की 11 प्रमुख मांगें
- सुप्रीम कोर्ट के 4 फरवरी 2026 के आदेश के अनुसार अनुदेशक पद का सृजन कर नियमितीकरण।
- देय बकाया एरियर का भुगतान।
- वार्षिक नवीनीकरण और बांड व्यवस्था समाप्त कर स्थायी व्यवस्था।
- 12 माह का मानदेय/वेतन।
- पारिवारिक परिस्थितियों के अनुसार समायोजन और स्थानांतरण।
- महिला अनुदेशकों को सीसीएल और मिसकैरेज अवकाश।
- सालाना 14 दिन आकस्मिक और अर्जित अवकाश।
- मेडिकल अवकाश की व्यवस्था।
- 100 या अधिक छात्र संख्या वाले विद्यालयों को स्थानांतरण विकल्प में शामिल करना।
- पारदर्शी और निष्पक्ष स्थानांतरण प्रक्रिया।
- सेवानिवृत्ति आयु 62 वर्ष करना।
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