Moradabad News : धोखाधड़ी में घिरे कुंदरकी से सपा के पूर्व विधायक हाजी रिजवान पर मुकदमा, बहू-बेटे पर भी एफआईआर
अमृत विचार : मुरादाबाद की कुंदकरी विधानसभा से समाजवादी पार्टी (सपा) के पूर्व विधायक हाजी रिजवान धोखाधड़ी के एक मामले में घिर गए हैं। एसएसपी के आदेश पर हाजी रिजवान और उनके परिवार के सदस्यों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। मामला जमीन की खरीद-फरोख्त से जुड़ा है और रिजवान।
अब्दुल मुस्तफा ने एसएसपी सतपाल अंतिल को एक शिकायती पत्र देकर बताया कि उन्होंने हाजी रिजवान से 2294 वर्ग मीटर जमीन का सौदा किया था। 4.48 करोड़ में डील हुई। 25 लाख रुपये का बयान दे दिया। जनवरी 2024 में इकरारनामा भी हो गया।
लेकिन ये जमीन स्कूल के नाम पर दर्ज थी। हाजी रिजवान ने लैंड यूज चेंज (भूमि उपयोग बदलवाने) की बात कही और इसके लिए 10 लाख रुपये और ले लिए। अब्दुल मुस्तफा का आरोप है कि पूर्व विधायक ने उन्हें लैंड यूज चेंज के जाली कागजात दे दिए। उन्होंने जांच में रसीद के फर्जी निकलने का दावा किया है।
अब्दुल मुस्तफा ने पूर्व विधायक हाजी रिजवान, उनके बेटे हाजी जुबैर, जुबैर की बीवी शमा परवीन और एक अन्य आरोपी यूसुफ मलिक पर 1.27 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप लगाया है।
शिकायत पर एसएसपी ने आरोपियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि हाजी रिजवान ने आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि मैंने खुद जमीन का बैनामा कराने के लिए नोटिस भेजा था। यूसुफ मलिक के जरिये जमीन का सौदा तय हुआ था। राजनीति दबाव में एफआईआर दर्ज की गई है।
आजम खान के करीबी हैं मलिक
यूसुफ मलिक, सपा के कद्दावर नेता आजम खान के करीबी बताए जा रहे हैं। यूसुफ मलिक पर 33.36 लाख रुपये की एक और धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। इसमें कहा गया कि वर्ष 2023 में साढ़े तीन बीघा जमीन का सौदा हुआ था। ये डील 52.50 लाख रुपये में हुई थी। यूसुफ मलिक को 33.36 लाख रुपये दे दिए। लेकिन आज तक उन्होंने जमीन का बैनामा नहीं कराया है। बहरहाल, पुलिस ने इस पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी है।
उप-चुनाव हारे थे हाजी रिजवान
हाजी रिजवान कुंदरकी से विधायक रहे हैं। बीते 2022 के विधानसभा चुनाव में कुंदरकी से उनका टिकट कट गया था। बाद में जियाउर्रहमान बर्क के सांसद निर्वाचित होने के बाद ये सीट खाली हो गई। सपा ने हाजी रिजवान को उप-चुनाव में प्रत्याशी बनाया था। भाजपा के ठाकुर रामवीर सिंह ने उन्हें बड़े फासले के साथ चुनाव हाराया था। ठाकुर रामवीर को यहां की तुर्क बिरादरी से बड़े सपोर्ट की तस्वीरें सामने आई थीं।
